Ram Mandir Ayodhya: केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी अमेठी से अयोध्या (Ayodhya) का नया नाता जोड़ने जा रही है। ये नाता होगा अमेठी (Amethi) के दो लाख परिवारों के घर घर राम, हर घर राम का। वे अमेठी के दो लाख लोगों को अयोध्या के राम मंदिर में रामलला (Ramlalaa) के दर्शन कराने की योजना बना चुकी हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) के हाथों 22 जनवरी को राम मंदिर (Ram Mandir) में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा हो चुकी है और उसी दिन से दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। इसी के साथ स्मृति ईरानी (Smriti Irani) ने अमेठी के तीन लाख से अधिक घरों तक रामलला की प्रतिष्ठा का प्रसाद पहुंचाने का काम शुरू कर दिया है।

गांधी परिवार पर अमेठी में भारी स्मृति ईरानी
स्मृति ईरानी केंद्र सरकार में महिला एवं बाल विकास कल्याण मंत्री हैं। अमेठी उनका संसदीय चुनाव क्षेत्र है। पिछले चुनाव में वे राहुल गांधी को हराकर अमेठी से चुनी गई थीं। 2019 के लोकसभा चुनाव में स्मृति ईरानी ने कांग्रेस के राहुल गांधी को 55 हजार से अधिक वोट से हराया। स्मृति को कुल 4 लाख 68 हजार 514 वोट मिले थे और राहुल गांधी को 4 लाख 13 हजार 394 वोट ही मिल सके थे। जबकि 2004, 2009 और 2014 में तीन बार लगातार राहुल अमेठी से सांसद रहे थे। सन 1980 से ही अमेठी उनकी पारिवारिक सीट रही है, उनके काका संजय गांधी 1 बार, पिता राजीव गांधी 4 बार, माता सोनिया गांधी 1 बार और खुद राहुल तीन बार सांसद रहे हैं। इसके बावजूद स्मृति ईरानी पिछले चुनाव में राहुल को हराने में कामयाब रही, तो मतलब साफ था कि गांधी परिवार 9 बार जीतकर भी अमेठी के लोगों के दिलों में बसाने लायक कोई उल्लेखनीय काम नहीं करवा सका। जबकि स्मृति ईरानी लगातार लोगों के दिलों को छूनेवाले काम कर रही हैं।
चालीस हजार से 4 लाख पर पहुंची दर्शन योजना
अमेठी के दो लाख से अधिक लोगों को अयोध्या धाम में प्रभु श्रीराम के दर्शन कराने की इस योजना के तहत सभी दर्शनार्थियों को से बस से अयोध्या लाने का कार्यक्रम है। इसके साथ ही तीन लाख से ज्यादा घरों तक रामलला की प्रतिष्ठा का प्रसाद पहुंचाने का काम भी जारी है। प्रसाद का यह कार्य स्मृति ईरानी के निर्देश पर अमेठी उत्थान सेवा संस्थान द्वारा किया जा रहा है। इसके साथ ही दो लाख लोगों को राम मंदिर दर्शन के लिए लाने का कार्यक्रम भी बन गया है। यह काम फरवरी के पहले सप्ताह से शुरू होगा। एक जानकारी के मुताबिक पहले यह योजना केवल 40 हजार लोगों तक ही सीमित थी, लेकिन अमेठी के लोगों की मांग का सम्मान करते हुए दो लाख लोगों को रामलला के दर्शन के लिए भेजने का निर्णय लिया गया है।
इस बार स्मृति ईरानी को ज्यादा लाभ होना तय
अमेठी के लोगों में तीन लाख घरों तक राम मंदिर का प्रसाद पहुंचाने और दो लाख परिवारों में से प्रत्येक घर के एक व्यक्ति को राम मंदिर के दर्शन करनाने की योजना को स्मृति की सक्रियता से जुड़ाव के रूप में देखा जा रहा है। लेकिन राजनीतिक हलकों में माना जा रहा है कि 3 लाख परिवार और दो लाख लोग रामलला के माध्यम से स्मृति ईरानी से व्यक्तिगत रूप से जुडेंगे, इस जुड़ाव का निश्चित तौर पर उनको सीधा लाभ होगा। वैसे भी अमेठी से सांसद के रूप में वे दूसरी बार चुनाव लड़ने जा रही हैं और राहुल गांधी यहां से चुनाव नहीं लड़ेंगे, यह लगभग तय हो चुका है, तो पिछले चुनाव के मुकाबले इस बार उनको ज्यादा लाभ होगा, यह भी तय है।
-निरंजन परिहार (राजनीतिक विश्लेषक)