Close Menu
  • होम
  • देश-प्रदेश
  • सत्ता- सियासत
  • व्यक्ति विशेष
  • समाज – संस्कृति
  • कारोबार
  • ग्लैमर
  • वीडियो
  • प्रेस रिलीज़
Facebook X (Twitter) Instagram
ट्रेंडिंग:
  • Amit Shah: चुनावी रणनीति के चतुर चाणक्य अमित शाह की असलियत…!
  • Congress: राहुल गांधी नई पीढ़ी पर भरोसा करे और कांग्रेस को मजबूत करे, लेकिन…!
  • Rajya Sabha Election: निर्विवाद और संयमित नेता नीरज डांगी के राज्यसभा में होने के अर्थ
  • Narendra Modi: क्या पीएम मोदी सचमुच गद्दार और राहुल गांधी की बदजुबानी सही…?
  • Drugs: समूचे राजस्थान पर ड्रग्ज का शिकंजा, गांव – गांव में धमकता नशे का कारोबार
  • Bhairon Singh Shekhawat: शेखावत जैसा फिर कोई इस संसार में जन्मे तो बताना…
  • Bhairon Singh Shekhawat: वह रात केवल भैरोंसिंह शेखावत गिरफ्तारी की कहानी नहीं थी…
  • Gold Import Duty: पीएम मोदी की अपील के तत्काल बाद इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ी, गोल्ड और महंगा
1st June, Monday, 11:09 PM
Facebook X (Twitter) Instagram
Prime Time BharatPrime Time Bharat
  • होम
  • देश-प्रदेश
  • सत्ता- सियासत
  • व्यक्ति विशेष
  • समाज – संस्कृति
  • कारोबार
  • ग्लैमर
  • वीडियो
  • प्रेस रिलीज़
Prime Time BharatPrime Time Bharat
Home»देश-प्रदेश»Vasundhara Raje: पद, मद और कद के जरिए आखिर किस पर वसुंधरा का निशाना?
देश-प्रदेश 5 Mins Read

Vasundhara Raje: पद, मद और कद के जरिए आखिर किस पर वसुंधरा का निशाना?

Prime Time BharatBy Prime Time BharatAugust 4, 2024No Comments
WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Reddit Tumblr Email
894605 18863992502 c72bd6a294 o
Vasundhara-Raje-Prime-Time-Bharat
Share
WhatsApp Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

Vasundhara Raje: राजनीति में हर शब्द का अपना एक खास इशारा होता है और हर इशारे के अपने निशाने। सधे हुए धीर गंभीर राजनेता अक्सर अपने इशारे इन शब्दों के तीर के जरिए छोड़ते हैं और उन्हीं के जरिए अपनी ताकत भी दिखाते हैं। फिर बात अगर राजस्थान (Rajasthan) की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे की हो, तो उनके शब्द बाण तो सीधे निशाने पर लगने वाले होते हैं और निशाना भी कोई अल्लू – पल्लू नहीं, बल्कि सीधे सबसे खास ही होता है। इसीलिए राजस्थान में नए बीजेपी (BJP) अध्यक्ष मदन राठौड़ के पद ग्रहण समारोह में उनके ‘पद, मद और कद’ वाले बयान को राजनीति के कई नजरियों से देखा जा रहा है। वसुंधरा के इस बयान को खास तौर से हाल ही में लोकसभा चुनाव के बाद और पहले के प्रधानमंत्री मोदी के राजनीतिक हालात और मुख्यमंत्री न बनाए जाने के उनके दर्द से जोड़कर देखा जा रहा है।

Table of Contents

Toggle
  • आखिर ऐसा क्या कहा वसुंधरा ने?
  • तो क्या सीधे मोदी पर निशाना?
  • मतलब, सब कुछ ठीक तो नहीं
          • -राकेश दुबे (वरिष्ठ पत्रकार)

आखिर ऐसा क्या कहा वसुंधरा ने?

जयपुर में बीजेपी के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ के पदग्रहण समारोह में बोलते हुए उन्होंने राजनीति की जबरदस्त व्याख्या की और उससे आने वाले पद, मद और कद के साथ साथ जीवन में आने वाले उतार-चढ़ाव के अलावा जनता के प्रेम की भी बात की। उन्होंने कहा, ‘राजनीति का दूसरा नाम है उतार-चढ़ाव. हर व्यक्ति को इस दौर से गुजरना पड़ता है. इसमें व्यक्ति के सामने तीन चीजें आती है – पद, मद और कद। पद और मद स्थाई नहीं होते, लेकिन कद स्थाई होता है। राजनीति में यदि किसी को पद का मद आ जाए, तो फिर उसका कद कम हो जाता है। आज कल लोगों को पद का मद आ ही जाता है। उन्होंने कहा कि उनकी नजर में सबसे बड़ा पद है – जनता की चाहत, जनता का प्यार और जनता का विश्वास। ये ऐसा पद है, जिसे कोई किसी से नहीं छीन सकता। ‘सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास’ नारे का जिक्र करते हुए वसुंधरा ने कहा –  ‘मुझे यकीन है कि मदन राठौड़ इस नारे को आगे बढ़ाने का काम करेंगे, वह सबको साथ लेकर चलेंगे। यह बहुत मुश्किल काम है और बहुत सारे लोग विफल भी हुए हैं। लेकिन मुझे विश्वास है इस काम को आप पूरी लगन से करेंगे।’

65
Vasundhara-Raje-Prime-Time-Bharat

तो क्या सीधे मोदी पर निशाना?

राजस्थान की राजनीति के जानकार वरिष्ठ पत्रकार विजय विद्रोही का कहना है कि राजस्थान की कद्दावर नेता वसुंधरा राजे ने इशारों इशारों में बहुत बड़ी बात कह दी। उन्होंने न तो नरेंद्र मोदी का नाम लिया और न ही अमित शाह का, लेकिन संभव है कि तंज सीधे उन्हीं पर किया हो। वसुंधरा ने राजनीतिक उतार चढ़ाव की बात के बहाने सभी को संदेश दिया है कि हर किसी को आगे जाकर उतार पर आना ही है। विद्रोही ने अपने एक वीडियो में वसुंधरा के पद का मद हो जाने पर कद भी कम हो जाने की व्याख्याया करते हुए सीधे प्रधानमंत्री मोदी के वर्तमान हालात से जोड़ा। राजनीतिक विश्लेषक निरंजन परिहार का कहना है कि राजस्थान में बीते साल हुए विधानसभा चुनाव में बीजेपी की जीत के बावजूद मुख्यमंत्री न बनाए जाने से वसुंधरा राजे एक रहस्यपूर्ण चुप्पी साधे बैठी रही और संगठन से इतनी दूरी बना ली कि वे 2023 में हुए चुनाव के बाद प्रदेश बीजेपी मुख्यालय में भी शायद ही आई हो। लेकिन अब, जब आईं, तो अपने एक ही बयान से सीधे तहलका मचा गई। परिहार कहते हैं कि वसुंधरा राजे के मदन राठौड़ के पदग्रहण समारोह में आकर इस बयान ने राजस्थान की राजनीति का फोसक फिर से एक खास कोण में शिफ्ट कर दिया है, जिसमें गुटबाजी भी है, नाराजगी भी है और सब कुछ ठीक-ठाक भी नहीं है।

66मतलब, सब कुछ ठीक तो नहीं

राजस्थान की राजनीति में अचानक हलचल आ गई है और उस हलचल के केंद्र में हैं वसुंधरा राजे।  दरअसल, एक राजनेता और प्रशासक के नाते वसुंधरा राजे काफी दमदार नेता मानी जाती हैं और राजस्थान में दो बार मुख्यमंत्री रह चुकी हैं। लेकिन मुख्यमंत्री न बनने विधानसभा चुनाव के 9 महीनों बाद आखिरकार उनका दर्द छलक ही गया। राजे ने पद, मद और कद का जिक्र करके पार्टी में खलबली मचा दी है। वसुंधरा राजे अपना ये भाषण पहले से तैयार कर के लाई थी। जिससे मतलब साफ हे कि वे जो भी बोल रही थीं, सोच समझ कर बोल रही थीं। उन्होंने नये अध्यक्ष को गुटबाजी से बचने की सलाह देकर पार्टी की भीतरी गुटबाजी की तरफ भी इशारा कर दिया और चुटकी ली कि कहने को तो सभी बड़े प्यारे हैं, लेकिन सबको साथ लेकर चलना आसान भी नहीं है। हालांकि राजे के इस बयान के बाद  अभी तक किसी भी नेता की कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है कि राजस्थान बीजेपी में सब कुछ कोई बहुत ठीक – ठाक नहीं है, जंग अभी भी जारी है।

-राकेश दुबे (वरिष्ठ पत्रकार)

 

यह भी पढ़िये – Rajasthan BJPः मदन राठौड़ नए प्रदेश अध्यक्ष, मतलब मोदी की एक बेचेहरा समाज को चेहरा देने की कोशिश

 

 

BJP Rajasthan Vasundhara Raje
Share. WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Telegram Email
Prime Time Bharat

Related Posts

Amit Shah: चुनावी रणनीति के चतुर चाणक्य अमित शाह की असलियत…!

May 27, 2026

Congress: राहुल गांधी नई पीढ़ी पर भरोसा करे और कांग्रेस को मजबूत करे, लेकिन…!

May 25, 2026

Rajya Sabha Election: निर्विवाद और संयमित नेता नीरज डांगी के राज्यसभा में होने के अर्थ

May 25, 2026

Leave A Reply Cancel Reply

टॉप ख़बरें

Amit Shah: चुनावी रणनीति के चतुर चाणक्य अमित शाह की असलियत…!

May 27, 2026

सिनेमा से गायब राजमहल और राजा-रानी

October 28, 2023

फिर जनम लेने जयपुर आ जाना इरफान!

October 28, 2023

पाप के पुरुषार्थ का रंगमंच बना सोशल मीडिया !

December 26, 2023
यह भी देखें
देश-प्रदेश
5 Mins Read

Vasundhara Raje: फर्जी चिट्ठी, सियासत का सच और वसुंधरा राजे का नाम

By Prime Time BharatApril 22, 2026

Vasundhara Raje: बीजेपी की सरकार के महिला आरक्षण बिल का विरोध। वह भी वसुंधरा राजे…

क्यूंकि गहलोत चाहते हैं  सत्ता कांग्रेस की ही रहे!

October 21, 2023

Congress: युद्ध विराम पर सवाल और कांग्रेस की रणनीति के आईने में गहलोत की राजनीतिक हैसियत

May 14, 2025

Maharashtra: मुख्यमंत्री की घोषणा का सबको इंतजार, लेकिन बीजेपी को कोई जल्दी नहीं

November 30, 2024
हमें फॉलो करें
  • Facebook
  • Twitter
  • Pinterest
  • Instagram
  • YouTube
  • Vimeo
About Us
About Us

‘प्राइम टाइम’ की शुरुआत पर कोई बड़ी बात नहीं, मगर यह कहना जरूरी है कि इसके उद्भव के लिए हमें एक बड़ी मजबूरी में सोचना पड़ा। मजबूरी यही कि हमारे हिंदुस्तान में वास्तविक अर्थों में जैसी होनी चाहिए, वैसी पत्रकारिता का मार्ग तेजी से सिकुड़ रहा है।

Contact Us:-
Mobile:- +91-9821226894
Email:- contact@primetimebharat.com

Facebook X (Twitter) Pinterest YouTube WhatsApp
Pages
  • About us
  • Our Team
  • Contact Us
  • Cookies Policy
  • Disclaimer
  • Privacy Policy
  • Terms and Conditions
लेटेस्ट ख़बरें

Amit Shah: चुनावी रणनीति के चतुर चाणक्य अमित शाह की असलियत…!

May 27, 2026

Congress: राहुल गांधी नई पीढ़ी पर भरोसा करे और कांग्रेस को मजबूत करे, लेकिन…!

May 25, 2026

Rajya Sabha Election: निर्विवाद और संयमित नेता नीरज डांगी के राज्यसभा में होने के अर्थ

May 25, 2026
© 2026 Prime Time Bharat | All Rights Reserved |

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.